New Delhi: मैजिक मोमेंट्स, भारत की सबसे बड़ी स्वदेशी अल्कोहलिक बेवरेज (Alcobev) कंपनी रैडिको खेतान का प्रमुख वोडका ब्रांड, हर महीने 10 लाख केस की रिकॉर्ड बिक्री दर को लगातार बनाए रखते हुए एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करने में सफल रहा है। यह उपलब्धि न केवल भारत के अग्रणी वोडका ब्रांड और दुनिया के पांचवें सबसे बड़े वोडका ब्रांड के रूप में मैजिक मोमेंट्स की स्थिति को और मजबूत करती है, बल्कि भारत में वोडका श्रेणी की बढ़ती क्षमता और दीर्घकालिक संभावनाओं को भी रेखांकित करती है।
चालू तिमाही के दौरान मैजिक मोमेंट्स ने कुल 32.5 लाख केस की बिक्री दर्ज की, जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में यह आंकड़ा 22.7 लाख केस था। इस प्रकार, कंपनी ने साल-दर-साल (YoY) आधार पर 43% की वृद्धि हासिल की।
अनुमानित 60% बाजार हिस्सेदारी के साथ, मैजिक मोमेंट्स ने भारत के वोडका बाजार के विकास को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यह उपलब्धि ऐसे समय आई है, जब भारतीय वोडका श्रेणी उपभोक्ताओं की बदलती पसंद, प्रीमियम उत्पादों की बढ़ती मांग, कॉकटेल संस्कृति के विस्तार, घरों में सामाजिक आयोजनों में वृद्धि तथा नई पीढ़ी के उपभोक्ताओं के बीच व्हाइट स्पिरिट्स की बढ़ती स्वीकार्यता के कारण संरचनात्मक बदलाव के दौर से गुजर रही है।
फ्लेवर्ड वोडका इस श्रेणी के सबसे प्रमुख वृद्धि कारकों में से एक बनकर उभरा है। वित्त वर्ष 2025-26 में कुल वोडका बिक्री में इसकी हिस्सेदारी 65% से अधिक रही। लगातार हो रहे नवाचार नए उपभोक्ताओं को आकर्षित कर रहे हैं और उन्हें नए स्वादों को अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। वैश्विक स्तर पर कुल स्पिरिट्स खपत में वोडका की हिस्सेदारी लगभग 28-30% है, जबकि भारत के आईएमएफएल (IMFL) बाजार में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान इसकी हिस्सेदारी 5% से भी कम रही, जो इस श्रेणी में दीर्घकालिक विकास की व्यापक संभावनाओं को दर्शाती है।
रैडिको खेतान के प्रबंध निदेशक अभिषेक खेतान ने कहा, “हर महीने 10 लाख केस की बिक्री हासिल करना केवल मैजिक मोमेंट्स के लिए ही नहीं, बल्कि भारत में वोडका श्रेणी के विकास के लिए भी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। पिछले कुछ वर्षों में हमने उपभोक्ताओं की पसंद में स्पष्ट बदलाव देखा है। कानूनी रूप से शराब सेवन की आयु वाले युवा उपभोक्ता, बदलते सामाजिक अवसर, तेजी से बढ़ती कॉकटेल संस्कृति और फ्लेवर्ड वोडका की बढ़ती लोकप्रियता ने व्हाइट स्पिरिट्स को अधिक स्वीकार्यता दिलाई है। हमारा मानना है कि यह अल्पकालिक रुझान नहीं, बल्कि एक दीर्घकालिक संरचनात्मक बदलाव है।
रैडिको खेतान ने इस अवसर को शुरुआती दौर में ही पहचान लिया था और फ्लेवर-आधारित नवाचार, प्रीमियम उत्पादों, उपभोक्ता सहभागिता तथा ब्रांड निर्माण में लगातार निवेश किया है। हमारी ‘फ्लेवर्स ऑफ इंडिया’ श्रृंखला इसी रणनीति का मजबूत उदाहरण है। एक भारतीय कंपनी होने के नाते हम स्थानीय पसंद और भारतीय उपभोक्ताओं के बदलते स्वाद को अच्छी तरह समझते हैं। वैश्विक वोडका रुझानों को भारतीय उपभोक्ताओं की विशेष पसंद के साथ जोड़कर हमने ऐसे उत्पाद विकसित किए हैं, जो उपभोक्ताओं से गहराई से जुड़ते हैं।
हालांकि वैश्विक वोडका बाजारों की तुलना में भारत में इस श्रेणी की पहुंच अभी भी काफी कम है, लेकिन यही स्थिति भविष्य में इसके लिए बड़ी विकास संभावनाएं भी प्रस्तुत करती है। श्रेणी के अग्रणी ब्रांड के रूप में हम नवाचार को बढ़ावा देने, उपभोक्ताओं को अधिक विकल्प उपलब्ध कराने और भारत में वोडका उद्योग के अगले चरण के विकास को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
भारत में उपभोग के बदलते परिदृश्य के बीच वोडका श्रेणी ने लगातार व्यापक आईएमएफएल उद्योग की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है। फ्लेवर्ड वेरिएंट्स की बढ़ती लोकप्रियता, कॉकटेल संस्कृति का विस्तार, घरों में सामाजिक आयोजनों के दौरान बढ़ती खपत, महानगरों से आगे अन्य बाजारों में बढ़ती स्वीकार्यता तथा हल्के और बहुउपयोगी स्पिरिट्स की ओर बढ़ती उपभोक्ता रुचि जैसे कारक इस श्रेणी की दीर्घकालिक वृद्धि को मजबूती प्रदान कर रहे हैं।
इस बदलाव के केंद्र में मौजूद मैजिक मोमेंट्स के साथ, रैडिको खेतान नवाचार, प्रीमियम उत्पादों और उपभोक्ता-केंद्रित अनुभवों के माध्यम से वोडका श्रेणी के विकास को तेज करने तथा भारत की विकसित होती वोडका संस्कृति को और मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।







